
राजनांदगांव, 02 अक्टूबर 2025। बुराई पर अच्छाई की जीत का महापर्व विजयदशमी (दशहरा) आज मनाया जा रहा है। इस अवसर पर, राजनांदगांव पुलिस ने एक अभूतपूर्व और अत्यंत प्रासंगिक संदेश जारी करते हुए, नागरिकों को पारंपरिक रावण के साथ-साथ आधुनिक युग के ‘डिजिटल रावण’ यानी साइबर अपराधों के प्रति सावधान रहने का आह्वान किया है।
“रावण बाहर नहीं, मोबाइल-लैपटॉप में छिपा है”
पुलिस द्वारा जारी किए गए ग्राफिक संदेश में, सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स (WhatsApp, X, Instagram, Facebook) के लोगो को प्रतीकात्मक रूप से रावण के दस सिरों के रूप में दर्शाया गया है। यह शक्तिशाली चित्रण स्पष्ट करता है कि आज के दौर में साइबर अपराधी इन्हीं डिजिटल माध्यमों के पीछे छिपकर लोगों की गाढ़ी कमाई लूट रहे हैं।
संदेश में मुख्य रूप से लिखा गया है: “रावण बाहर नहीं, मोबाइल-लैपटॉप में छिपा है – साइबर सिक्योरिटी जगाओ।”
जागरूकता ही असली हथियार के तहत, राजनांदगांव पुलिस ने जोर देकर कहा है कि इस दशहरे पर हमें अपने साइबर ज्ञान को हथियार बनाना होगा। साइबर अपराधी फिशिंग लिंक, फेक कॉल, और आकर्षक ऑनलाइन योजनाओं के जरिए आपकी निजी जानकारी चुराने का प्रयास करते हैं—ये ही आज के दौर के असली खलनायक हैं।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है:
* जागरूकता का संकल्प: हर अज्ञात लिंक, OTP या त्वरित लाभ वाली स्कीम पर भरोसा न करें।
* सुरक्षा की ढाल: अपने मोबाइल-लैपटॉप को सुरक्षित सेटिंग्स और मजबूत पासवर्ड से लैस रखें।
* बुराई का अंत: जिस तरह हम रावण के अहंकार को जलाते हैं, उसी तरह डिजिटल दुनिया में फैले लालच और जल्दबाजी को खत्म करें, क्योंकि साइबर ठगी की जड़ यही है।
राजनांदगांव पुलिस ने सभी को विजयदशमी (दशहरा) की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं और लोगों से अपील की है कि वे सावधानी बरतते हुए, एक सुरक्षित और जागरूक डिजिटल नागरिक बनें।




