राजनांदगांव | 11 अप्रैल 2026
कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में ‘प्राईस सपोर्ट स्कीम’ (PSS) के अंतर्गत खरीफ एवं रबी 2025-26 की समीक्षा की। वास्तव में, दलहन-तिलहन फसलों के पंजीयन और उपार्जन को लेकर कृषि, सहकारिता, जिला विपणन अधिकारी और नाफेड के अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री आशा योजना के तहत किसानों को अधिक से अधिक लाभान्वित किया जाए।
पंजीयन की तिथि 30 मार्च से बढ़ाकर 30 अप्रैल की गई
किसानों की सुविधा को देखते हुए दलहन-तिलहन पंजीयन की अंतिम तिथि अब 30 अप्रैल कर दी गई है। इसके अंतर्गत, कलेक्टर ने वास्तविक रकबे की एंट्री पोर्टल पर करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसान अपने जमीन के दस्तावेज लेकर पीएम आशा उपार्जन समिति में जा सकते हैं। निश्चित रूप से, यदि रकबा प्रदर्शित नहीं होता है, तो ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी और पटवारी संयुक्त सत्यापन कर प्रमाण पत्र जारी करेंगे।
“समर्थन मूल्य की राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी जाएगी, जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी।” – कलेक्टर जितेन्द्र यादव
जिले में समितियों का विस्तार और डिजिटल पंजीयन
कलेक्टर ने जानकारी दी कि जिले में 43 नई समितियों का गठन किया गया है, जिससे अब कुल संख्या 117 हो गई है। इसके परिणाम स्वरूप, एकीकृत किसान पोर्टल और नाफेड के ‘ई-समृद्धि’ पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन पंजीयन किया जा रहा है। साथ ही, उन्होंने सुकुलदैहान के एफपीओ स्वर्ण उपज स्वसहायता समूह सहित 15 समितियों में खरीदी की व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
कलेक्टोरेट सभाकक्ष में अधिकारियों की बैठक लेते कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव
बैठक में उप संचालक कृषि श्री टीकम सिंह ठाकुर, जिला सहकारी बैंक के सीईओ श्री सुधीर सोनी और नाफेड के राज्य प्रमुख उपस्थित थे। अंततः, कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खरीदी के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर सुनिश्चित करें। इसलिए, प्रशासन अब ग्रामीण स्तर पर जागरूकता बढ़ाने पर जोर दे रहा है ताकि कोई भी पात्र किसान योजना के लाभ से वंचित न रहे।
संपादक: दीपक वैष्णव



